खाने की आदते
मैंने एक परिवार ऐसा देखा जहां घर के प्रत्येक सदस्य को उनकी खुराक से ज्यादा खाना दिया जाता था। पहली बार मैने जब उनके घर के प्रत्येक सदस्य को आधा खाना छोड़कर, उठकर जाते देखा, तब मुझे बहुत हैरानी हुई। इसका कारण जानने पर पता चला. ये शाकाहारी खाना नहीं खाते।
उनके घर शाकाहारी खाना हमारे कारण बनाया गया था। इसलिए उठ गए। मुझे बहुत दुःख हुआ वे एक समय भी शाकाहारी खाना भरपेट नहीं खा सके।
उस इलाके के लोग अधिकतर मांसाहारी खाना खाते है। इसलिए मुझे अजीब लगा ये लोग एक समय भी भरपेट शाकाहारी खाना पसंद नहीं कर सकते। ये लोग अमीर थे। इसलिए उनकी खाने की आदत उनका शौक लगा।
कुछ दिन बाद मेरा वहां के साधारण लोगो के बच्चो से वास्ता पड़ा। उनके अंदर भी यही भावना दिखाई दी , एक समय शाकाहारी खाना खाने के बाद, दूसरे समय उन्होंने शाकाहारी खाना खाने से मना कर दिया।
दिल्ली में रहते समय मेरा वास्ता हफ्ते में एक दिन मांसाहारी खाने वालो से पड़ा था लेकिन पहली बार ऐसे लोगो से वास्ता पड़ा जो एक समय मुश्किल से शाकाहारी खाना खा सकते थे। दूसरे वक़्त शाकाहारी खाने को देखकर भूखे रहना पसंद करते थे। बच्चो ने शाकाहारी खाने को देखकर रोना शुरू कर दिया। हैरानी हुई क्या ?

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें